
हर हिंदुस्तानी की नागरिकता की सुरक्षा की गारंटी दे सरकार
सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एम. के. फैज़ी ने कहा है कि केंद्र सरकार को हर हिंदुस्तानी की नागरिकता की सुरक्षा की गारंटी देनी चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि सभी नागरिकों के लिए समान नागरिकता का संवैधानिक सिद्धांत बिना किसी समझौते के कायम रखा जाना चाहिए।
इंडियन पासपोर्ट को केवल एक यात्रा दस्तावेज़ मानने संबंधी सरकार के कथित रुख तथा नागरिकता से जुड़े दस्तावेज़ों को लेकर हाल के दिनों में चल रही बहसों ने देशभर में लोगों की चिंताओं को बढ़ा दिया है। यद्यपि नागरिकता संबंधी दस्तावेज़ों और पहचान संबंधी दस्तावेज़ों की कानूनी स्थिति अलग-अलग हो सकती है, फिर भी इंडियन पासपोर्ट और अन्य सरकारी अभिलेख रखने वाले लाखों हिंदुस्तानी नागरिक इस बात को लेकर असमंजस में हैं कि भविष्य में यदि कोई नागरिकता सत्यापन प्रक्रिया लागू की जाती है, तो किन दस्तावेज़ों को अंतिम रूप से स्वीकार किया जाएगा। राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (NRC), नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) तथा विशेष मतदाता सूची सत्यापन अभियानों को लेकर जारी बहसों ने इस अनिश्चितता को और अधिक गहरा कर दिया है।
एम. के. फैज़ी ने कहा कि वास्तविक मुद्दा किसी एक दस्तावेज़ की कानूनी स्थिति नहीं है, बल्कि अपने संवैधानिक अधिकारों की सुरक्षा को लेकर नागरिकों में बढ़ती असुरक्षा की भावना है। उन्होंने कहा कि दस्तावेज़ों की कमी, गरीबी, प्रवास, विस्थापन अथवा अभिलेखों के ऐतिहासिक रूप से अपूर्ण होने जैसी परिस्थितियों के कारण किसी भी वास्तविक नागरिक को चिंता, भेदभाव, बहिष्कार या अधिकारों से वंचित होने का सामना नहीं करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि प्रत्येक नागरिक की नागरिकता की रक्षा सुनिश्चित करना तथा समान नागरिकता की संवैधानिक गारंटी में जनता के विश्वास को मजबूत करना सरकार की संवैधानिक जिम्मेदारी है। इसके लिए सरकार को ऐसे मजबूत कानूनी और संस्थागत सुरक्षा उपाय स्थापित करने चाहिए जो हर हिंदुस्तानी नागरिक की नागरिकता की रक्षा करें और समान नागरिकता की संवैधानिक गारंटी में जनता के विश्वास को और अधिक सुदृढ़ बनाएं।
No Comments