बरकतुल्लाह विश्वविद्यालय का नाम बदलना इतिहास और स्वतंत्रता संग्राम की विरासत के साथ अन्याय : विदयराज मालवीय

भोपाल, 4 जून। सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI), मध्यप्रदेश के अध्यक्ष विदयराज मालवीय ने बरकतुल्लाह विश्वविद्यालय, भोपाल का नाम बदलकर “वाग्देवी भोजपाल विश्वविद्यालय” किए जाने के प्रस्ताव का कड़ा विरोध किया है।

उन्होंने कहा कि मौलाना बरकतुल्लाह भोपाली भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के महान क्रांतिकारी थे, जिन्होंने देश की आजादी के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित कर दिया। उनके नाम पर स्थापित विश्वविद्यालय का नाम बदलना न केवल एक महान स्वतंत्रता सेनानी का अपमान है, बल्कि देश की साझा विरासत और स्वतंत्रता आंदोलन के इतिहास को कमजोर करने का प्रयास भी है।

विदयराज मालवीय ने कहा कि विश्वविद्यालयों का उद्देश्य शिक्षा, शोध और सामाजिक विकास को बढ़ावा देना है। ऐसे में नाम परिवर्तन जैसे विवादास्पद मुद्दों पर समय और संसाधन खर्च करने के बजाय शिक्षा की गुणवत्ता, शोध, रोजगार और आधारभूत सुविधाओं पर ध्यान दिया जाना आवश्यक है

उन्होंने कहा कि मौलाना बरकतुल्लाह भोपाली का नाम देश के स्वतंत्रता संग्राम, त्याग और बलिदान का प्रतीक है, जिसे मिटाने का कोई भी प्रयास लोकतांत्रिक और ऐतिहासिक मूल्यों के विरुद्ध है। इसलिए इसका विरोध किया जाना जरूरी है और हम इसका कड़े शब्दों में विरोध करते हैं

जारीकर्ता
विदयराज मालवीय
अध्यक्ष
सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI), मध्यप्रदेश