अशांत धारा कानून अलोकतान्त्रिक एवं आम जन के हितों पर कुठाराघात – एस डी पी आई

दिनांक 7 मार्च 2026 । सौशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI) राजस्थान ने प्रदेश में लागु संपति विषय पर आधारित अशांत धारा ( डिस्टर्ब एरिया बिल ) को पूर्णतया आम नागरिकों के लिए हानिकारक बताया साथ ही मुस्लिम समुदाय को विशेष रूप से ध्यान में रख कर एक प्रकार से इसे साम्प्रदायिक बना दिया गया जिसमें साफ तौर पर मुस्लिम समुदाय को डेमोग्राफ़ी के नाम पर प्रताड़ित किया जायेगा।
एस डी पी आई के प्रदेश अध्यक्ष अशफ़ाक़ हुसैन ने इस बाबत राज्य सरकार द्वारा इस कानून को लागु करने पर प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि जब से प्रदेश में भाजपा नीत सरकार आई है बजाए जन कल्याणकारी कानूनों के इस प्रकार के समाज को विभाजित करने तथा अल्पसंख्यकों को प्रभावित करने वाले कानून विधानसभा में पारित किये जा रहें हैं जिनसे आमजन को कोई लाभ नहीं मिलता अब जबकि उपरोक्त कानून लागु किए जाने से समुदाय विशेष के क्षेत्रों की संपत्तियां चाहे वह किसी भी वर्ग की होगी उसकी कीमतों पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा और कीमतें घट जाएंगी तथा दो समुदाय के व्यापारिक संबंधों पर भी नकारात्मक असर पड़ने से व्यापार में भी हानी होगी, उपरोक्त अशांत धारा कानून से जनता को किसी भी प्रकार का कोई लाभ नहीं पहुँचता बल्कि पूरे कानून में मुस्लिम समुदाय को केंद्रित कर यह दुर्भावना पूर्ण प्रतीत होता है।

सौशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया राजस्थान राज्य सरकार से इस पर अपना लोकतान्त्रिक विरोध दर्ज़ कराते हुए मांग करती है कि इस प्रकार के संप्रदायिक कानून को तुरंत वापिस ले और इसके बजाए ऐसे जनकल्याण कारी कानूनों को प्रदेश में लागु करे जिस से सर्व समाज एवं सभी वर्गों को लाभ मिले न कि किसी को भी ऐसे कानून से मानसिक एवं आर्थिक नुकसान को उठाना पड़े।

भवदीय
नदीम अख्तर,
प्रदेश महासचिव,
सौशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया SDPI,
राजस्थान।